(8)  बोर्ड, परिषद और समितियाँ का  विवरण
Boards Councils Committees


  1. परामर्शदात्री समिति -
    उक्त समिति संचालक मण्डल को समय-समय पर परामर्श, सुझाव उपलब्ध कराने के उद्देश्य से गठित की जाती है। जिसमें प्रत्येक मण्डल से एक-एक सदस्य शासन द्वारा नामित किया जाता है, जो खादी/ग्रामोद्योग के सम्बन्ध में समुचित जानकारी रखता हो तथा लगभग 10 वर्षो से खादी एवं ग्रामोद्योग से सम्बद्ध रहा हो।

  2. खादी रिबेट भुगतान समिति -
    यह समिति खादी पर दिये जाने वाले रिबेट के सम्बन्ध में आने वाली समस्याओं का समाधान एवं सुचारू रूप से भुगतान हेतु समय-समय पर परामर्श एवं सुझाव देती है।

  3. जिला स्तरीय चयन समिति -
    उक्त समिति में शासन द्वारा निम्नानुसार सदस्य नामित किये गये हैं -

 

  • जिलाधिकारी

  • परिक्षेत्रीय ग्रमोद्योग अधिकारी

  • जिले का लीड बैंक अधिकारी

  • नाबार्ड का जिला प्रबन्धक

  • सम्बन्धित जिला ग्रामोद्योग अधिकारी

  • प्रत्येक जनपद के महाप्रबन्धक, जिला उद्योग केन्द्र
    उक्त समिति बोर्ड द्वारा संचालित स्वरोजगार योजनाओं के उद्यमियों का जिला स्तर पर चयन करके उनके ऋण आवेदन-पत्र बैंक को अग्रसारित करती है।
    उपरोक्त समितियों की कार्यवाही के दौरान समिति के सदस्यों के अलावा अन्य व्यक्तियों की उपस्थिति अनुमन्य नहीं है, किन्तु समिति की कार्यवाही के अभिलेख जन साधारण को नियमानुसार उपलब्ध कराये जा सकते हैं।

शासनादेश द्वारा सचिव, खादी एवं ग्रामोद्योग, उ० प्र० शासन की अध्यक्षता में खादी बिक्री रिबेट समिति गठित है जिसमें शासन के प्रतिनिधियों के अलावा खादी उत्पादन का उत्कृष्ट कार्य करने वाली संस्थाओं के प्रतिनिधि को सदस्य के रूप में नामित किया गया है। समिति द्वारा खादी संस्थाओं को बोर्ड द्वारा भुगतान किये जाने वाली खादी बिक्री रिबेट की छूट की समीक्षा, पर्यवेक्षण एवं अनुश्रवण किया जाता है।

कापीराइट 2007 | खादी एवं ग्रामोद्योग, उत्‍तर प्रदेश सरकार, भारत | 1024x768 पर सर्वोत्तम दृष्‍टि